अम्बिकापुर.. खबरी गुल्लक।। 12 नवम्बर 2025:
कार्मेल स्कूल, अम्बिकापुर का प्रांगण आज देशभक्ति की भावना से ओत-प्रोत रहा जब विद्यालय में हमारे राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् की रचना के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर जिला कलेक्टर विलास संदीपन भोस्कर मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उनके साथ जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. दिनेश कुमार झा, सहायक संचालक शिक्षा रवि शंकर तिवारी, जिला मिशन समन्वयक सर्वजीत पाठक, खंड शिक्षा अधिकारी प्रदीप कुमार राय, सहायक खंड शिक्षा अधिकारी अंजनी मिश्र तथा हाई स्कूल सेदम के प्राचार्य रवि शंकर पांडेय विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अतिथियों का स्वागत विद्यालय के भव्य कार्मेल बैंड दल द्वारा सलामी देते हुए गरिमामय रूप से मंच तक ले जाकर किया गया। सम्मान स्वरूप अतिथियों को पौधों के पौधे भेंट किए गए, जो कृतज्ञता और पर्यावरण संरक्षण का प्रतीक थे। विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत स्वागत नृत्य ने वातावरण को उल्लासमय बना दिया, जिसके बाद विद्यार्थियों ने स्वागत भाषण के माध्यम से सभी का हार्दिक अभिनंदन किया।
सभा स्थल में जब वंदे मातरम् मधुर गान गूंजा, तो पूरा वातावरण देशभक्ति के उत्साह से भर उठा। इसके पश्चात राष्ट्रीय गान प्रस्तुत किया गया। अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में कलेक्टर विलास भोस्कर ने वंदे मातरम् के इतिहास और उसके अमर संदेश पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गीत के आरंभिक शब्द “वंदे मातरम्” ने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान भारतीयों के हृदय में देशप्रेम और स्वतंत्रता की ज्वाला प्रज्वलित की थी। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि माँ भारती के प्रति प्रेम, समर्पण और सम्मान की यह भावना सदैव हमारे हृदयों में जीवित रहनी चाहिए। उन्होंने कार्मेल स्कूल की उत्कृष्ट शिक्षा व्यवस्था, अनुशासन और श्रेष्ठ परीक्षा परिणामों की सराहना करते हुए इसे जिले के सर्वोत्तम विद्यालयों में से एक बताया। श्री भोस्कर ने विद्यार्थियों को केवल अंकों पर नहीं, बल्कि ज्ञान और विवेक अर्जन पर ध्यान केंद्रित करने की प्रेरणा दी। उन्होंने थॉमस अल्वा एडिसन, आइंस्टाइन और सी. वी. रमन जैसे महान वैज्ञानिकों के उदाहरण देते हुए कहा कि असफलता से भयभीत हुए बिना लगातार प्रयत्नशील रहना ही सफलता की कुंजी है। अपने छात्र जीवन के अनुभव साझा करते हुए उन्होंने कहा कि सफलता केवल सतत परिश्रम, दृढ़ निश्चय और आत्मसमर्पण से ही प्राप्त की जा सकती है। अपने प्रेरक भाषण का समापन करते हुए उन्होंने पूरे जोश के साथ तीन बार वंदे मातरम् का नारा लगाया।कार्यक्रम का समापन प्रधानाचार्या सिस्टर रोशनी द्वारा प्रस्तुत हार्दिक धन्यवाद ज्ञापन एवं प्रबंधक सिस्टर विनिता तथा प्रधानाचार्या सिस्टर रोशनी द्वारा अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट करने के साथ हुआ।



