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हजरत बाबा मुराद शाह व हजरत बाबा मोहब्बत शाह का सालाना उर्स 20, 21, 22 मई को, हिंदू-मुस्लिम एकता का प्रतीक बनेगा आयोजन... इरफान सिद्दीकी बने आयोजन कमेटी के संयोजक

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अंबिकापुर।। खबरी गुल्लक।। 23 अप्रैल 2026

सरगुजा संभाग का सबसे बड़ा सार्वजनिक उत्सव और हिंदू-मुस्लिम एकता का जीवंत प्रतीक, हजरत बाबा मुराद शाह व हजरत बाबा मोहबत शाह (रह.) का सालाना उर्स इस वर्ष 20, 21 एवं 22 मई 2026 को तकिया मजार शरीफ में धूमधाम से मनाया जाएगा। अंजुमन कमेटी द्वारा आयोजित इस महाकुंभ में सरगुजा संभाग के अलावा अन्य प्रदेशों से भी हजारों जायरीन पहुंचेंगे, जो सदियों पुरानी परंपरा को नई ऊंचाई प्रदान करेंगे।21 एवं 22 मई को मुख्य आकर्षण देश के प्रसिद्ध कव्वालों के बीच कव्वाली का शानदार मुकाबला होगा। 

आयोजन कमेटी के संयोजक अंजुमन कमेटी के अध्यक्ष इरफान सिद्दीकी बनाए गए हैं, 

उन्होंने  बताया कि कव्वालों के लिए खतों-किताबत जारी की गई है, ताकि यह आयोजन और भी यादगार बने। उन्होंने सभी से इस हिंदू-मुस्लिम एकता के प्रतीक महाकुंभ में शामिल होने एवं सहयोग की अपील की है।

तीन दिवसीय भव्य कार्यक्रम का यह है शेड्यूल

उर्स का शुभारंभ 20 मई  को शाम 4 बजे जामा मस्जिद से होगा। यहां से धुमाल पार्टी एवं आतिशबाजी के साथ चादर संदल का जुलूस सभी धर्मों के लोगों की भागीदारी के साथ तकिया मजार शरीफ के लिए रवाना होगा। चादर संदल पोशी के बाद उलेमाओं द्वारा दिन की तकरीर होगी। रात 9 बजे से आल इंडिया मुशायरा एवं कवि सम्मेलन आयोजित किया जाएगा, जिसमें भारत के नामचीन शायर, कवि एवं कवयित्रियां अपनी प्रस्तुतियां देंगी।  

प्रशासन से की गई यह अपील

कमेटी ने जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन से हर वर्ष की तरह इस बार भी सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक प्रबंधन, पेयजल आपूर्ति, विद्युत व्यवस्था तथा सड़क मरम्मत के लिए उचित दिशा-निर्देश जारी करने की अपील की है। इतने बड़े आयोजन में लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना चुनौतीपूर्ण होता है, इसलिए प्रशासन का सहयोग अपेक्षित है।

मंत्री-विधायक भी पड़ेंगे शिरकत

पिछले वर्षों की तरह इस बार भी  मंत्रीगण, विधायकगण एवं अन्य वीआईपी इस उर्स में शिरकत करेंगे। अंजुमन कमेटी ने कई मंत्रियों एवं प्रमुख व्यक्तियों को निमंत्रण दिया है, जिनमें से अधिकांश ने आने की सहमति दे दी है। 



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