अंबिकापुर।खबरी गुल्लक।
छत्तीसगढ़ में सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों को किए जा रहे मासिक इंसेंटिव भुगतान में कथित अनियमितताओं की जांच के निर्देश जारी किए गए हैं। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, छत्तीसगढ़ के राज्य कार्यालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार प्रदेश के सभी जिलों में पदस्थ सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों के इंसेंटिव भुगतान से संबंधित मामलों की नियमानुसार जांच की जाएगी। इस संबंध में स्वास्थ्य कर्मचारी संघ द्वारा आदेश की प्रति मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ), सरगुजा को सौंपकर मामले में आवश्यक कार्रवाई की मांग की गई है।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य भवन, तृतीय तल, सेक्टर-19, नार्थ ब्लॉक, अटल नगर, नवा रायपुर स्थित कार्यालय से 5 अक्टूबर 2026 को जारी निर्देश में प्रदेश के समस्त जिलों के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों को जांच करने के लिए कहा गया है। आदेश अपर संचालक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, छत्तीसगढ़ की ओर से जारी किया गया है तथा इसमें आयुक्त सह मिशन संचालक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की स्वीकृति का उल्लेख है।
इंसेंटिव भुगतान में अनियमितता की शिकायतों का उल्लेख
जारी निर्देश में कहा गया है कि सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों को प्रतिमाह इंसेंटिव का भुगतान किया जाता है। इस भुगतान से संबंधित अनियमितताओं को लेकर समय-समय पर शिकायतें प्राप्त होने की बात आदेश में कही गई है। शिकायतों में संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों के मुख्यालय में निवास नहीं करने, निर्धारित समय पर मूल पदस्थापना स्थल पर ड्यूटी नहीं करने तथा ड्यूटी से अनुपस्थित रहने जैसे आरोपों का उल्लेख किया गया है।
इसके अलावा आदेश में ऑनलाइन अटेंडेंस 50 प्रतिशत से कम रहने, ऑनलाइन कार्यों का संतोषजनक नहीं होना तथा आयुष्मान आरोग्य मंदिर एवं उप स्वास्थ्य केंद्रों में प्रसव की संख्या शून्य होने जैसी स्थितियों का भी उल्लेख किया गया है। आदेश में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य से जुड़े संकेतकों को लेकर भी चिंता जताई गई है।
सभी जिलों के सीएमएचओ को जांच के निर्देश
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए प्रदेश के सभी जिलों के सीएमएचओ को अपने-अपने जिले में पदस्थ सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों के इंसेंटिव भुगतान से संबंधित मामलों की नियमानुसार जांच करने के निर्देश दिए हैं। जांच के दौरान संबंधित अधिकारियों की उपस्थिति, मुख्यालय में निवास, मूल पदस्थापना स्थल पर ड्यूटी, ऑनलाइन अटेंडेंस, ऑनलाइन कार्यों की स्थिति तथा स्वास्थ्य केंद्रों में उपलब्ध सेवाओं से संबंधित तथ्यों का परीक्षण किया जा सकता है।
निर्देश में स्पष्ट किया गया है कि जांच के दौरान यदि किसी प्रकार की अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही जांच प्रतिवेदन अनिवार्य रूप से राज्य कार्यालय को भेजना सुनिश्चित किया जाए।
स्वास्थ्य कर्मचारी संघ ने सीएमएचओ को सौंपा आदेश
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के इस निर्देश की प्रति स्वास्थ्य कर्मचारी संघ द्वारा सीएमएचओ सरगुजा को सौंपी गई है। संघ की ओर से आदेश को संज्ञान में लाते हुए जिले में संबंधित मामलों की जांच और नियमानुसार कार्रवाई की आवश्यकता की ओर ध्यान आकृष्ट कराया गया है।
अब इस निर्देश के बाद सरगुजा सहित प्रदेश के अन्य जिलों में सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों के कार्यों और इंसेंटिव भुगतान से संबंधित मामलों की जांच की प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर ही संबंधित मामलों में आगे की कार्रवाई तय होगी।
फिलहाल, आदेश में शिकायतों के आधार पर जांच के निर्देश दिए गए हैं। किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के विरुद्ध अनियमितता की पुष्टि जांच के निष्कर्षों के बाद ही मानी जाएगी।




