अंबिकापुर।। खबरी गुल्लक।।
भाजपा पिछड़ावर्ग मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष मनोज गुप्ता ने बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए केंद्रीय बजट 2026-27 को रिफॉर्म बजट एक्सप्रेस करार देते हुए इसे विकसित भारत के लक्ष्य की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया है। पूर्वोत्तर राज्यों से लेकर किसानों की आय दोगुनी करने तक की प्रमुख घोषणाओं ने बजट को देशहितकारी बनाया है। महिला शक्ति की झलक दिखाने वाले इस बजट में पर्यटन, शिक्षा, स्वास्थ्य और उद्योगों पर विशेष जोर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि टन क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए 5 पूर्वोत्तर राज्यों में नए पर्यटन स्थलों का निर्माण होगा। राष्ट्रीय पर्यटन मंत्रालय के तहत नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ हॉस्पिटैलिटी मैनेजमेंट स्थापित किया जाएगा। 5 प्रमुख विश्वविद्यालय टाउनशिप-इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित होंगे, जबकि हर जिले में एक लड़कियों का हॉस्टल बनेगा। खेलो इंडिया मिशन को नई गति मिलेगी। 15 पुरातात्विक साइट्स को जीवंत पर्यटन स्थलों में बदला जाएगा। डिजिटल नॉलेज ग्रिड पर सभी पर्यटन स्थलों की रीयल-टाइम जानकारी उपलब्ध होगी। ट्रेकिंग और हाइकिंग के लिए विशेष योजनाएं शुरू की जाएंगी।
मनोज गुप्ता ने कहा कि छोटे और सीमांत किसानों की आय बढ़ाने पर जोर देते हुए पशुपालन-डेयरी कॉलेजों के लिए लोन-आधारित सब्सिडी सपोर्ट स्कीम लॉन्च होगी। पशुधन उद्यमों का संवर्धन और आधुनिकीकरण होगा। मत्स्य पालन के लिए 500 जलाशयों और अमृत सरोवरों का एकीकृत विकास किया जाएगा। तटीय इलाकों में नारियल, चंदन, काजू जैसी फसलों को विशेष सहायता मिलेगी। स्टार्टअप्स और महिला-नेतृत्व वाले समूहों को बाजार से जोड़ने की योजना है।
मनोज गुप्ता ने कहा कि छोटे करदाताओं के लिए नियम-आधारित स्वचालित प्रक्रिया शुरू होगी। न्यूनतम वैकल्पिक कर को अंतिम कर माना जाएगा, जिसकी दर 15 प्रतिशत से घटाकर 14 प्रतिशत होगी। कैंसर, डायबिटीज और 7 दुर्लभ बीमारियों की दवाओं सहित सोलर एनर्जी उपकरण, चमड़ा-कपड़ा निर्यात, जूते, बैटरी, माइक्रोवेव ओवन पर जीएसटी में छूट दी गई। रक्षा क्षेत्र में बेसिक कस्टम ड्यूटी में कमी। वहीं, खनिज, स्क्रैप, शराब और वायदा कारोबार महंगे होंगे। टीसीएस पर ओवरसीज टूर पैकेज 2% बढ़ेगा।
मनोज गुप्ता ने कहा कि 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर बनेंगे। शहरी आर्थिक क्षेत्रों पर प्रति वर्ष 5 हजार करोड़ रुपये खर्च होंगे। 20 नए जलमार्ग विकसित किए जाएंगे। महात्मा गांधी स्वरोजगार योजना का ऐलान हुआ। 4,000 ई-बस खरीदी जाएंगी। प्रमुख औद्योगिक लॉजिस्टिक केंद्रों के आसपास 5 विश्वविद्यालय टाउनशिप स्थापित होंगी। 15,000 माध्यमिक विद्यालयों में कंटेंट लैब लगेंगी। एमएसएमई के लिए कॉरपोरेट मित्रों का दस्ता बनेगा। दिव्यांगों के सशक्तीकरण पर फोकस रहेगा।




