अंबिकापुर । मुख्यमंत्री के कड़े निर्देश के बाद कलेक्टर कुंदन कुमार और एसपी सुनील शर्मा के द्वारा हिट एंड रन मामले में नए कानून के विरोध में वाहन चालकों की जारी हड़ताल का आवश्यक सेवाओं पर असर न पड़े इसके लिए मंगलवार को देर शाम ट्रक, बस मालिक संघ, स्कूल बस प्रबंधन, पंप संचालक, मंडी व सब्जी विक्रेता संघ, व्यापारी संघ, गैस वितरकों सहित विभिन्न संघों के पदाधिकारियों की बैठक लेकर जरूरी निर्देश दिए। कलेक्टर ने कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वालों, स्कूल बस, एंबुलेंस, अत्यावश्यक सुविधाओं के संचालन को रोकने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई के नितेश भी दिए हैं।
जिले में पेट्रोल डीजल आपूर्ति की समस्या नहीं, पैनिक न हों कोई
कलेक्टर कुन्दन कुमार ने जिले के लोगों से अपील की है कि इस स्थिति को नियंत्रण में रखा गया है। आम जन पैनिक ना हों। उन्होंने यह भी अपील की है कि किसी भी तरह की अफवाह से बचें। प्रशासन द्वारा पेट्रोल डीजल सहित आवश्यक वस्तुओं की सुचारू उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है।
गैस व ईंधन की किल्लत नही
जिला खाद्य अधिकारी रविंद्र सोनी ने बताया कि जिले में संचालित कुल पेट्रोल डीजल पंपों की संख्या 67 है। इनमें से 61 पंपों में पेट्रोल और डीजल पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। पेट्रोल का स्टॉक 277000 लीटर और डीजल का स्टॉक 475000 लीटर उपलब्ध है। उन्होंने यह भी बताया कि 41 पंपों में आज दिनांक की स्थिति में आपूर्ति की गई है। जिले में मौजूद पंपों में रिलायंस 01, इंडियन ऑयल 25, भारत पेट्रोलियम 17, और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के 24 पंप हैं। जिले उन्होंने जानकारी दी है कि आज की स्थिति में केवल 06 पंप ड्राई है। गैस सिलेंडर का स्टॉक पर्याप्त उपलब्ध है। जिले में 17 गैस एजेंसी है, जहां 16 एजेंसी में 3896 गैस सिलेंडर उपलब्ध है।
कालाबाजारी न हो
विभिन्न संगठनों की बैठक लेकर कलेक्टर ने कहा कि इस परिस्थिति में किसी भी तरह की कालाबाजारी न हो। किसी भी तरह से कोई दुकानदार जमाखोरी या कालाबाजारी अथवा महंगे दाम पर आवश्यक सामग्री न विक्रय करें, साथ ही बाजार में वाहन चालक सब्जियां, फल लेकर समय पर पहुंचे इसके लिए समुचित प्रबंध करने के निर्देश दिए।
भ्रामक खबरें से बचें
एसपी श्री शर्मा ने नए कानून की जानकारी देते हुए कहा कि पुलिस टीम के द्वारा नियमित रूप से पेट्रोलिंग की जाएगी ताकि किसी भी प्रकार कोई अफवाह न फैले। साथ ही अफवाह व भ्रामक खबर प्रचारित करने वाले के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश भी दिये गए। उन्होंने आगामी नये कानून की विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि में धारा 106 के तहत अगर कोई व्यक्ति के उतावलेपन व उपेक्षापूर्ण ड्राईविंग से किसी व्यक्ति की मृत्यु हो जाये और वह पुलिस या मजिस्ट्रेट को सूचना न दें, तो व्यक्ति विरुद्ध 10 वर्ष की सजा का प्रावधान है। लेकिन जो चालक एक्सीडेंट के बाद पुलिस में सूचना देते हैं, उनके उपर ये धारा लागू ही नहीं होगी। एसपी ने विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि यह कानून सिर्फ उनके लिए है जो एक्सीडेंट कर बिना सूचना दिए घायल व्यक्ति को उसी स्थिति छोड़कर भाग जाते हैं। यदि दुर्घटना की स्थिति में किसी भी माध्यम से चालक पुलिस अथवा प्रशासनिक अमले को सूचना दें, इस कानून का का मूल उद्देश्य समय पर घायल को चिकित्सा उपलब्ध कराना और समय पर मुआवजा मिलना सुनिश्चित करना है।




