खुलासा : मासूम रिशु का जिस दिन हुआ अपहरण, उसी दिन हैवान पड़ोसियों ने जंगल में उतार दिया था मौत के घाट.... पुलिस ने दो आरोपियों को भेजा जेल... पड़ें आरोपियों ने कैसे दिया राक्षसी वारदात को अंजाम ...

खुलासा : मासूम रिशु का जिस दिन हुआ अपहरण, उसी दिन हैवान पड़ोसियों ने जंगल में उतार दिया था मौत के घाट.... पुलिस ने दो आरोपियों को भेजा जेल... पड़ें आरोपियों ने कैसे दिया राक्षसी वारदात को अंजाम ...

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 सूरजपुर।(भूपेंद्र राजवाड़े)। प्रतापपुर थाना क्षेत्र में अपहृत दस वर्षीय बालक रिशु की हत्या और कंकाल मिलने के मामले में सूरजपुर पुलिस ने अपहरण और हत्या के आरोप में पड़ोसी शुभम सोनी उर्फ गोलू पिता कमलेश सोनी  26 वर्ष और विशाल ताम्रकार पिता राजेन्द्र ताम्रकार  28 वर्ष दोनों निवासी वार्ड क्र. 4 प्रतापपुर को गिरफ्तार कर लिया है। घर के सामने बालक को खेलने के दौरान हैवान पड़ोसियों ने 29 जनवरी को अपहरण करने के बाद जंगल में ले जाकर उसी दिन मौत के घाट उतार दिया था और बाइक से पेट्रोल निकाल शव को जला दिया था, दो दिन बाद पुनः जंगल पहुंच हड्डियों को कई टुकड़ों में विभक्त कर फेंक दिया था। इस मामले का खुलासा करते हुए सूरजपुर पुलिस अधीक्षक एमआर अहीरे ने मीडिया को बताया कि आरोपियों के द्वारा बालक की हत्या करने के बाद एक ग्रामीण से मोबाइल लूट रिशु के पिता को फोन लगा 6 लाख की फिरौती मांगी गई थी। उन्होंने बताया कि  थाना प्रतापपुर में वार्ड क्रमांक 4 प्रतापपुर निवासी  अशोक कुमार कश्यप द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराया कि दिनांक 29.1.2024 की शाम करीब 4 बजे उसका 10 वर्षीय नाबालिक बालक खेलने के जा रहा हूं कहकर घर से निकला था और शाम करीब 5 बजे के बाद भी घर  वापस नहीं लौटा।  परिजनों द्वारा बालक की पतासाजी पास- पडोस, रिश्तेदारी में किया गया, पता नहीं चलने पर अपहरण की आशंका जताते हुए शिकायत दर्ज कराई गई थी। जिससे  धारा 363 के तहत अपराध दर्ज किया गया था।  मामले की सूचना पर पुलिस महानिरीक्षक सरगुजा रेंज  अंकित गर्ग  ने प्रकरण की लगातार माॅनिटरिंग की और जरूरी  निर्देश दिए। उप पुलिस महानिरीक्षक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सूरजपुर  एमआर आहिरे  ने अपहृत  बालक एवं अज्ञात आरोपी के पतासाजी हेतु एएसपी शोभराज अग्रवाल के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित किया  था।

मोबाइल पर फिरौती मांगी, घर पर भी चिट्ठी छोड़ा

 आरोपियों के द्वारा रिशु के पिता  प्रार्थी के मोबाईल  पर  फोन कर बालक को अपने कब्जे में होना बताते हुए 6 लाख रुपए की फिरौती की मांग की गई । जिसका काॅल  रिकार्डिंग प्रार्थी के द्वारा थाने में पेश करने  किया गया । इसके बाद  प्रार्थी के घर में फिरौती के संबंध में धमकी भरा  चिट्ठी  14 फरवरी की रात एवं एक चिट्ठी छोड़ा गया। पुलिस ने दावा किया कि फिरौती के काॅल करने में इस्तेमाल किया गया आई टेल कम्पनी का की- पैड मोबाईल छोड़ने से प्रार्थी के पेश करने पर दोनों चिट्ठी एवं मोबाईल को जप्त किया गया। प्रकरण में अपहृत बालक व अज्ञात आरोपी के पतासाजी हेतु हर संभव प्रयास किये जाने के दौरान मुखबीर से सूचना मिला कि अपहृत बालक के पड़ोसी शुभम सोनी उर्फ गोलू एवं विशाल ताम्रकर की गतिविधि घटना दिनांक से ही संदिग्ध है, दोनों के मोबाईल नम्बरों के सीडीआर का अवलोकन किया जाकर दोनों संदेहियों को तलब कर कड़ाई से पूछताछ किया गया। 

ऐसे दिया वारदात को अंजाम 

पुलिस ने बताया कि दोनो आरोपियों से कड़ाई से पुछताछ की गई तो उन्होंने बालक की हत्या करना स्वीकार करते हुए बताया कि उनके द्वारा फिरौती के लिए 29 जनवरी  को  बालक का प्रतापपुर काॅलेज रोड पुल के पास से अपहरण कर मोटर सायकल से ग्राम करसी प्रेममारा जंगल ले गये थे। जहां रात होने पर  बालक ने घर ले जाने की जिद की तो विशाल ताम्रकर ने डण्डा से बालक के सिर में मारा जिससे बालक रिशु की  मृत्यु हो गई। पकड़े जाने के डर से दोनों आरोपियों ने बालक के शव को प्रेममारा जंगल करसी में ले जाकर  खोह पर  मोटर सायकल से पेट्रोल निकाल कर जलाकर घर वापस आ गये। शव को जलाने के दो दिन बाद विशाल ताम्रकर बुलेट मोटर सायकल से पुनः प्रेममारा जंगल गया और  बालक के जले हुए हड्डियों को टुकड़ों में विभक्त कर  घटना स्थल के पास ही अलग-अलग जगह फेंक दिया था। 

हत्या के बाद फिरौती मांगने लूटी मोबाइल 

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि रिशु की हत्या करने के बाद  8 फरवरी  को शुभम सोनी उर्फ गोलू अम्बिकापुर गया और लटोरी रोड से एक व्यक्ति का मोबाईल लूटकर ले आया।  उसी लूट के मोबाईल से रिशु के पिता अशोक कश्यप के मोबाईल  पर फिरौती के लिए काॅल करने लगा,   शुभम सोनी फिरौती के लिए धमकी भरा चिट्ठी लिखकर प्रार्थी के घर फेंकने लगा।  दोनों संदेहियों की निशानदेही पर पुलिस टीम, गवाहों एवं परिजनों के साथ ग्राम करसी प्रेममारा जंगल पत्थल खोह पहूंचकर आरोपियों के निशानदेही पर जंगल का बारीकी से सर्च कराया गया जो मृतक के कपड़ों का जला अवशेष, प्लास्टिक बोतल का अवशेष, 1 जोड़ी चप्पल, मृतक के खोपड़ी एवं शरीर के अन्य भागों के हड्डियों के जले अवशेष बरामद हुआ। मौके पर सर्च पंचनामा तैयार कर चप्पल कोे मृतक के परिजन पिता अशोक कश्यप को दिखाकर चप्पल को पहचान करने से विधिवत् पहचान पंचनामा बाद बरामदगी पंचनामा तैयार किया गया।

यह समान, साक्ष्य हुआ बरामद

 पुलिस ने बताया कि आरोपी विशाल ताम्रकर के निशानदेही पर मृतक का एक जोड़ी चप्पल, घटना में प्रयुक्त डण्डा, जले हुए कपड़े के अवशेष, प्लास्टिक का पानी बोतल के अवशेष, राख, बजाज सीटी 100 मोटर सायकल क्रमांक सीजी 15 डीजे 5130 एवं विवो कम्पनी का मोबाईल जप्त किया गया है एवं आरोपी शुभम सोनी उर्फ गोलू से उसका स्वभाविक लेख, वाईस सैम्पल एवं उसका रियल-मी कम्पनी का मोबाईल जप्त किया गया है, प्रकरण में धारा 364(क), 302, 201, 120(बी) भादसं. जोड़ी गई है। आरोपियों को विधिवत् गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा जा रहा है।

अंबिकापुर की साइबर टीम ने निभाई महत्वपूर्ण भूमिका

आईजी सरगुजा रेंज के द्वारा साईबर थाना अम्बिकापुर सरगुजा के साइबर टीम से एसआई प्रसाद सिन्हा, विवेक खलखो, आरक्षक कुन्दन शर्मा, अंशुल शर्मा को मामले में जल्द तकनीकी सहयोग के लिए भेजा था साथ ही जिले के साईबर टीम के एएसआई राकेश यादव, आरक्षक रोशन सिंह व युवराज यादव का भी विशेष सहयोग रहा।  कार्यवाही में सूरजपुर जिला के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शोभराज अग्रवाल, एसडीओपी प्रतापपुर अरूण नेताम स्वयं मौके पर उपस्थित रहकर पूरी कार्यवाही में मार्गदर्शन दिया। 

कार्यवाही में यह रहे शामिल

कार्यवाही में थाना प्रभारी प्रतापपुर लक्ष्मण सिंह धुर्वे, थाना प्रभारी चंदौरा प्रमोद पाण्डेय, चैकी प्रभारी लटोरी सुनील सिंह, चैकी प्रभारी खड़गवां योगेन्द्र जायसवाल, चौकी प्रभारी चेन्द्रा संतोष सिंह, एएसआई हरिशंकर तिवारी, प्रधान आरक्षक रजनीश त्रिपाठी, मनोज केरकेट्टा, रामाधीन श्यामले, भुपेन्द्र पोर्ते, विनोद परीडा, आनंद प्रकाश एक्का, विशाल मिश्रा, संजय यादव, महिला प्रधान आरक्षक सरिता टोप्पो, आरक्षक अखिलेश पाण्डेय, इन्द्रजीत सिंह, राजेश तिवारी, अवधेश कुशवाहा, अरविन्द पाण्डेय, पुष्पेन्द्र राजवाड़े, नन्दकिशोर राजवाड़े, शोभनाथ कुशवाहा, भीमेश आर्मो, निशांत टोप्पो, विरेन्द्र कुजूर, अपील चैधरी, निरंजन एक्का, अभिमन्यू पैकरा, विनोद प्रताप सिंह व मनोज राय सक्रिय रहे।

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