अंबिकापुर।।खबरी गुल्लक।।
छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत कर्मचारी जनता यूनियन द्वारा पुरानी पेंशन योजना, संविदा नियमितीकरण, ठेका प्रथा समाप्ति, प्रीमियम रहित कैशलेस चिकित्सा सुविधा, नियमित भर्ती शुरू करने, 1 अप्रैल 2026 से देय वेज रिवीजन हेतु कमेटी गठन तथा विद्युत कंपनी में कार्यरत तृतीय एवं चतुर्थ वर्ग कर्मचारियों के लिए करियर प्रोग्रेशन योजना तत्काल लागू करने के संबंध में विद्युत कंपनी के अध्यक्ष श्री सुबोध कुमार सिंह (आईएएस) के नाम क्षेत्रीय कार्यपालक निदेशक अथवा मुख्य अभियंता को ज्ञापन एवं मांग पत्र सौंपने का अभियान शुरू किया गया है।
आपको बता दें कि जनता यूनियन द्वारा मई 2026 में उक्त मांग बिंदुओं को लेकर प्रथम चरण में प्रदेशव्यापी "जनप्रतिनिधि संपर्क अभियान" चलाया गया, जिसके तहत संगठन द्वारा छत्तीसगढ़ शासन के 65 विधायक, मंत्री एवं सांसदों से सीधे मुलाकात कर ज्ञापन सौंपने का काम किया गया है।
अब अभियान के द्वितीय चरण में "ढोल बजाओ, प्रबंधन जगाओ" अभियान के तहत ढोल नगाड़ा बजाते हुए क्षेत्रीय कार्यपालक निदेशक अथवा मुख्य अभियंताओं को ज्ञापन सौंपने के कार्य किया जाना है। इस क्रम अभियान की शुरुवात 5 जून 2026 को प्रांतीय पदाधिकारियों की उपस्थिति में अम्बिकापुर से किया गया।
गेट मीटिंग में सभा को संबोधित करते हुए अभियान प्रभारी जे पी पटेल ने कहा जनता यूनियन का सतत प्रयास कर्मचारियों को उनका हक, अधिकार, सम्मान और हितलाभ दिलाना है। प्रबंधन को नींद से जगाने के लिए "ढोल बजाना, प्रबंधन जगाना" जरूरी है।
उन्होंने आंकड़ा बताते हुए कहा कि अम्बिकापुर क्षेत्र में विभिन्न श्रेणी के स्वीकृत नियमित पदों की संख्या 2395 है जिसके विरुद्ध मात्र 1021 (मात्र 42.5%) नियमित कर्मचारी ही कार्यरत हैं। शेष 57.5% अर्थात 1374 पद रिक्त हैं। इतने कम संख्याबल में यदि सरगुजा की विद्युत व्यवस्था किसी तरह चल रही है तो इसके लिए मैदानी कर्मचारी और उनके हौसले को सलाम है। यह आंकड़ा देखर प्रबंधन को अब जाग जाना चाहिए और तुरन्त नियमित भर्ती करना चाहिए।
केंद्रीय पर्यवेक्षक ओमप्रकाश सूर्यवंशी ने अम्बिकापुर क्षेत्र से शुरू हुए इस अभियान को प्रदेश स्तर पर क्रमशः आयोजित करने की जानकारी दी और बताया कि 15 जून तक राज्य के सभी 10 रीजन में ढोल बजाकर चेयरमैन सुबोध कुमार सिंह तक बात पहुंचाई जाएगी।
इस मौके पर ए जे सिंह ने उपस्थित जनसमूह से कहा संगठन में अपार शक्ति है। जब प्रबंधन मांगने से अधिकार नहीं देता है तो ऐसे तरीके अपनाना मजबूरी हो जाती है। ढोल बजाना तो मात्र एक प्रतीक है, दरअसल कर्मचारी अब अपने आपको पीड़ित और शोषित महसूस कर रहा है जिसके कारण विरोध के ऐसे अनोखे तरीके अपनाए जा रहे हैं।
बिलासपुर के अध्यक्ष वेदराम निर्मलकर ने विहंगम उपस्थिति के लिए साथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा अम्बिकापुर से शुरू हुआ ढोल बस्तर तक बजेगा, जब तक कि प्रबंधन जाग न जाये और हमारी मांगे पूरी न हो जाये। जनता यूनियन शांत नहीं बैठेगी, प्रबंधन को बात माननी ही होगी।
अभियान के पहले दिन प्रांतीय उपाध्यक्ष एवं अभियान प्रभारी अम्बिकापुर जे पी पटेल एवं एच एल पटेल के नेतृत्व में संगठन के 150 से अधिक कार्यकर्ताओं ने 5 जून को शाम 5 बजे प्रशासनिक भवन बिशुनपुर में गेट के सामने आमसभा की और मांगों के समर्थन में अपनी आवाज बुलंद की। तदुपरांत सदस्यगण ढोल बजाकर नारेबाजी करते हुए भवन के मुख्य द्वार पर पहुंचे और यहां भी अपनी मांगों को लेकर नारा लगाते रहे।
जनता यूनियन की ओर से नियुक्त केंद्रीय पर्यवेक्षक ओमप्रकाश सूर्यवंशी बिलासपुर, कोर मेम्बर ए जे सिंह एवं वेदराम निर्मलकर, अभियान प्रभारी जे पी पटेल एवं एच एल पटेल, क्षेत्रीय सचिव आर के राजपूत, श्रवण साहू आदि ने अतिरिक्त मुख्य अभियंता श्री आवेदन कुजूर को चेयरमैन सुबोध कुमार सिंह (आईएएस) के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान अधीक्षण अभियंता आर के चंद्राकर एवं कार्यपालन अभियंता कामेंद्र सिंह भी उपस्थित रहे।
इस कार्यक्रम मनेन्द्रगढ़, कोरिया, सूरजपुर, सरगुजा, बलरामपुर एवं जशपुर जिले से आये 150 से अधिक विद्युतकर्मियों ने भाग लिया। जिनमें क्षेत्रीय अध्यक्ष यतींद्र गुप्ता, कोषाध्यक्ष आशीष हीरा, उपाध्यक्ष सुभाष सरकार, आर के सिंह परिहार, संरक्षक हनीफ खान, प्रांतीय सदस्य नंदलाल सिंह, रागिनी गुप्ता, संभागीय अध्यक्ष चंद्रकांत जायसवाल, राधेश्याम विश्वकर्मा, संविदा प्रभारी नेमहस लकड़ा, सहयोगी इंद्रकुमार सहित संगठन मंत्री सतेंद्र सिंह एवं विनोद गुप्ता, अशोक सिंह, पूर्णानंद यादव, आर पी सोनी, बसंतलाल मिंज, शनि गुप्ता, बसंत मिंज, संजय कुशवाहा, नरेन्द्र सिंह, पृथ्वी रत्न, हेमसागर और ठेकाकर्मी प्रभारी ओबेद एक्का, आशुतोष शर्मा, अब्दुल्ला सहित अकूतमनी तिग्गा, प्रवीण लकड़ा, प्रवीण तिर्की, सियत टोप्पो, ईश्वर, बैजनाथ, जितेंद्र बखला, मनोज सनेही, रीता उरांव, बसंती, श्रद्धा रॉय, विनीता तिग्गा, अर्चना लकड़ा, सुषमा भगत, ज्योति सिंह, प्रियंका दास, हिरौनदिया, शशिकला, अलता टोप्पो, गायत्री साहू, प्रियंका तिर्की, प्रीतिलता, रीमा भगत, पुरना सिंह, ललिता पैंकरा, नीतू, पूनम, अभय चौहान, पृथ्वीरत्न तिवारी, दिगम्बर लाल, आदर्श पैंकरा, अमरनाथ राजवाड़े, शैलेंद्रनाथ पिल्लई, मनोज कोरी आदि कर्मचारी शामिल हुए।











