सूरजपुर।। खबरी गुल्लक ।।भूपेंद्र राजवाड़े
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का ग्रीष्मकालीन संघ शिक्षा वर्ग इस बार साधु राम विद्या मंदिर सूरजपुर में 16 मई को शुरू होकर 31 मई को समापन हुआ। समापन उपरांत 1 जून को दीक्षांत समारोह आयोजित किया गया, जिसमें छत्तीसगढ़ के 33 जिलों से आए कुल 196 शिक्षार्थी शामिल हुए। दीक्षांत समारोह के दिन सूरजपुर में भारी बारिश हुई, फिर भी कार्यक्रम निर्धारित रूप से चला। भारी वर्षा के बीच करीब 45 मिनट तक गणसमता पदविन्यास, दंड संचालन खेल, योगासन और सामाजिक समरस्ता के प्रदर्शन प्रस्तुत किए गए। प्रदर्शन में शामिल शिक्षार्थियों का उत्साह और समर्पण दर्शनीय रहा। समापन कार्यक्रम में बाल भगवान राम जिला संघचालक, दुर्गा चरण सिंह (प्रांत संचालक), टोप लाल वर्मा (मुख्य वक्ता) और नारायण नामदेव (प्रांत प्रचारक) मंच पर उपस्थित थे। बाल भगवान राम ने अपने उद्बोधन में कहा कि वे रविदास समाज से हैं और संत किसी एक समुदाय तक सीमित नहीं होते; संतों का संदेश समूचे मानव समाज के कल्याण के लिए होता है। उन्होंने कहा कि देश सर्वोपरि है और देश की सेवा संकल्प और समर्पण के साथ की जानी चाहिए।
नारायण नामदेव ने कहा कि बारिश में भी कार्य करने का साहस और मनोबल सर्वशक्तिमान का आशीर्वाद है। उन्होंने बताया कि संघ ने 1925 में डॉक्टर केशव बलिराम हेडगेवार के नेतृत्व में नागपुर में शाखा के रूप में व्यक्ति निर्माण की पहल की थी। उस समय से शाखा कार्य ने लोगों में देश भक्ति और उच्च उद्देश्य के लिए समर्पण की भावना जगाई। नामदेव ने कहा कि शाखा एक विशेष शिक्षण पद्धति है और हिंदू समाज के संगठन के लिए स्वयंसेवक निरंतर कार्य कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जब तक समाज में एकजुटता नहीं होगी, बड़े सामाजिक लक्ष्यों की प्राप्ति संभव नहीं है, इसलिए कई संगठन मिलकर सकारात्मक वातावरण बना रहे हैं।
प्रांत संचालक टोप लाल वर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि 15 दिन के प्रशिक्षण काल के दौरान साथ रहने से एकजुट भावना विकसित हुई है। प्रशिक्षण ने संघ के कार्य पद्धति को और स्पष्ट किया है, जो भविष्य में कार्यक्षेत्र में लाभदायक साबित होगा। उन्होंने कहा कि अब शिक्षार्थियों के कर्तव्य और जिम्मेदारियाँ बढ़ेंगी और वह इन्हें निभाने के लिए तैयार होकर लौटेंगे।
दीक्षांत समारोह के बाद शिक्षार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए और कार्यक्रम का समापन सामूहिक गायन तथा राष्ट्रीय गीत से हुआ। आयोजन में शामिल लोगों ने संगठन की कार्यशैली व अनुशासन की सराहना की और कहा कि यह प्रशिक्षण क्षेत्रीय कार्यों में नई ऊर्जा और दिशा देगा।




