अंबिकापुर। 2008 के बाद से लगातार तीन बार हार के साथ 15 साल के सूखे के बाद लुण्ड्रा विधानसभा में भाजपा प्रत्याशी प्रबोध मिंज ने कांग्रेस प्रत्याशी और पूर्व सीजीएमएससी अध्यक्ष डॉ प्रीतम राम को 24 हजार 128 मतों के अंतर से पराजित करते हुए कमल खिलाया। वर्ष 2003 के विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी विजयनाथ सिंह ने कांग्रेस के रामदेव राम रोमांचक मुकाबले में महज 42 मतों के अंतर से हराया था, इसके बाद कांग्रेस ने लगातार तीन बार जीत दर्ज करते हुए लुण्ड्रा विधानसभा में स्थिति मजबूत कर ली थी। विधानसभा चुनाव 2008 में कांग्रेस के रामदेव राम ने भाजपा के कमलभान सिंह को 8174 मतों के अंतर से हराया था इसके बाद वर्ष 2013 में चिंतामणि महाराज कांग्रेस ने विजयनाथ भाजपा को 9946 मत, वर्ष 20018 में प्रीतम राम कांग्रेस ने विजयनाथ भाजपा को 22179 के अंतर से पराजित किया था। जबकि इस बार 2023 के चुनाव में भाजपा के प्रबोध मिंज ने प्रीतम राम कांग्रेस को इस सीट अबतक के सर्वाधिक 24128 मतों के अंतर से पराजित कर इतिहास रच दिया। उनके विजय के साथ भाजपाइयों ने जमकर जश्न मनाया। नव निर्वाचित विधायक प्रबोध मिंज ने कहा कि जनता ने कांग्रेस के रेवड़ी को नकारते हुए पीएम मोदी की गारंटी को स्वीकारा है। कांग्रेस ने 5 साल प्रदेश को केवल लुटने का काम किया। जिससे जनता ने उसे बाहर का रास्ता दिखा भाजपा पर फिर से भरोसा दिखाया है।
इस तरह मिला मत
आम आदमी पार्टी से अभ्यर्थी अलेक्जेण्डर केरकेट्टा को 2599, जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़(जे) से इसीदोर तिर्की को 578, बहुजन समाज पार्टी से दिलीप सिंह गोंड को 1419, भारतीय जनता पार्टी से प्रबोध मिंज को 87463, इंडियन नेशनल कांग्रेस से डॉ प्रीतम राम को 63335, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्ससिस्ट) से बलबीर नागेश को 2041, हमर राज पार्टी से अनुक प्रताप सिंह टेकाम को 1013 तथा निर्दलीय अभ्यर्थी अफसाना सिंह को 457, श्रीमती उर्मिला सिंह को 581, चक्रधारी सिंह को 747, लीलाधर पैंकरा को 1441, लोभन राम पैंकरा को 1002 मत मिले। इस तरह कुल विधिमान्य मत 162676, अस्वीकृत मतों की संख्या 62, नोटा में 2906 मत पड़े। इसमें ईवीएम एवं डाक मतपत्र दोनों से प्राप्त मत शामिल हैं।




