सूरजपुर।। खबरी गुल्लक।। (जिला प्रतिनिधि सूरजपुर - भूपेंद्र राजवाड़े)।।
जमीन विवाद पर लोग अपनों का ही खून बहा रहे हैं। वहीं पुलिस भी ऐसे गंभीर मामलों में आरोपियों के खिलाफ तत्काल सख्त कदम उठाने की बजाय जांच के नाम पर लटकाती है। इसका प्रत्यक्ष नमूना सूरजपुर जिले के ग्राम अर्जुनपुर में देखने को मिला, जब जानलेवा हमला जैसे मामले में रामानुजनगर पुलिस ने मामूली धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया और 2 दिन गुजर जाने के बाद भी एक भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी है। बताया जा रहा है कि ग्राम अर्जुनपुर निवासी महिपाल सिंह और गोपाल सिंह के बीच जमीन संबंधी विवाद चला आ रहा है। महिपाल सिंह का कहना है कि जमीन उनके नाम पर है, जबकि गोपाल सिंह उसमें खेती कर रहा था, इस संबंध में sdm से शिकायत की गई थी, जिसपर गोपाल ने कथित तौर पर कहा था उक्त भूमि में कोई विवाद नहीं है। घटना दिवस 8 जुलाई 2025 को सुबह 9 बजे महिपाल सिंह का पुत्र काशी सिंह और हरिनंदन खेत की जुटाई कर रहे थे, तभी आरोपी गोपाल सिंह पिता दल्लू सिंह 65 वर्ष, इसका भाई घूरन सिंह 62 वर्ष, खेलसाय पिता घूरन सिंह 50 वर्ष, मायाराम पिता गोपाल सिंह, संजय पिता घूरन सिंह 18 वर्ष , इंद्र कुंवर पति गोपाल 60 वर्ष के अलावा खेलसाय और मायाराम की पत्नी लाठी डंडे से लैस होकर वहां पहुंचे और काशी सिंह, महिपाल सिंह, गंगाराम के ऊपर जानलेवा हमला कर दिया।
काशी को लगे 35 टांके
इस हमला में घायल महिपाल सिंह के सिर में 15 टांके लगे जबकि काशी के सिर में 30 से 35 और गंगाराम के सिर में 26 टांके लगे। इस मामले में रामानुजनगर पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ धारा 173 के तहत कार्रवाई की। मगर एक भी आरोपी गिरफ्तार नहीं हुआ है। परिजनों का कहना है कि जानलेवा हमला के बावजूद पुलिस के द्वारा इसके अनुरूप धारा नहीं लगाया गया। सभी आरोपी आजाद घूम रहे हैं। वहीं पुलिस का कहना है कि घायलों का मेडिकल कॉलेज चिकित्सालय अंबिकापुर में सीटी स्कैन कराया गया है, रिपोर्ट के अनुसार कार्रवाई होगी।




