अंबिकापुर।खबरी गुल्लक ।
शहर के वरिष्ठ पार्षद आलोक दुबे ने सरगुजा रेंज के पुलिस महानिरीक्षक दीपक झा को ज्ञापन सौंपकर अंबिकापुर शहर एवं आसपास के क्षेत्रों में बाहरी राज्यों से आकर किराये के मकानों में रहने वाले लोगों का व्यापक सत्यापन अभियान चलाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि शहर के विभिन्न थाना क्षेत्रों में बिना किसी पुलिस सत्यापन के बड़ी संख्या में बाहरी लोग किरायेदार के रूप में रह रहे हैं, जिससे भविष्य में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा संबंधी चुनौतियां उत्पन्न हो सकती हैं।
ज्ञापन में बताया गया है कि गांधीनगर थाना क्षेत्र के सुभाषनगर, डिगमा एवं भगवानपुर सहित कोतवाली और मणिपुर थाना क्षेत्रों में अनेक मकान मालिकों द्वारा छोटे-छोटे किराये के मकान बाहरी प्रदेशों से आए लोगों को बिना किसी जांच-पड़ताल के किराये पर दिए जा रहे हैं। आरोप है कि कई मकान मालिकों को यह तक जानकारी नहीं होती कि उनके यहां रहने वाले लोग क्या कार्य करते हैं, कहां से आए हैं और उनकी पृष्ठभूमि क्या है।
आलोक दुबे ने अपने ज्ञापन में एक पूर्व मामले का उल्लेख करते हुए कहा कि धनबाद झारखंड से दो लोगों की हत्या के आरोपी शाबिर अहमद के वर्षों तक अंबिकापुर में छिपकर रहने और व्यवसाय करने की घटना यह संकेत देती है कि समय रहते सत्यापन नहीं होने पर अपराधी भी ऐसे क्षेत्रों का उपयोग सुरक्षित ठिकाने के रूप में कर सकते हैं।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि पश्चिम बंगाल से बड़ी संख्या में आए कुछ लोगों के संबंध में भी प्रशासन को सतर्कता बरतनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कुछ लोग बाल खरीदने एवं उसके बदले बर्तन बेचने जैसे व्यवसाय करते हैं, जबकि कुछ बाहरी महिलाएं भी किराये के मकानों में रह रही हैं। ऐसे सभी लोगों का पुलिस सत्यापन एवं उनके निवास और कार्यों का विधिवत रिकॉर्ड तैयार किया जाना आवश्यक है।
आलोक दुबे ने आशंका जताई कि यदि समय रहते निगरानी और सत्यापन नहीं किया गया तो अवैध गतिविधियों, मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध कारोबार तथा अन्य आपराधिक गतिविधियों की संभावना बढ़ सकती है। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि ऐसे मामलों की निष्पक्ष एवं व्यापक जांच कराई जाए ताकि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।
उन्होंने सुझाव दिया कि कोतवाली, गांधीनगर एवं मणिपुर थाना पुलिस की संयुक्त टीम गठित कर क्षेत्रवार अभियान चलाया जाए। इस दौरान प्रत्येक बाहरी किरायेदार एवं लंबे समय से रह रहे व्यक्तियों का सत्यापन किया जाए, उनसे संबंधित आवश्यक जानकारी एकत्रित की जाए तथा उनके मूल निवास क्षेत्र के संबंधित थानों से भी आवश्यकतानुसार आपराधिक रिकॉर्ड का सत्यापन कराया जाए।
वरिष्ठ पार्षद ने कहा कि सरगुजा रेंज अपनी शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण के लिए जाना जाता है। ऐसे में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने तथा आम नागरिकों में विश्वास बनाए रखने के लिए नियमित किरायेदार सत्यापन अभियान चलाना समय की आवश्यकता है। ज्ञापन के माध्यम से उन्होंने पुलिस प्रशासन से इस विषय को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करने और शहर में किरायेदारों एवं बाहरी व्यक्तियों के सत्यापन की विशेष मुहिम प्रारंभ करने का आग्रह किया है।




